Category Archives: Hindi Poems on Food

Hindi Poem on Apple – लाल लाल सेब


sdsvs.jpg

लाल लाल ताज़ा ताज़ा
मीठा मीठा सेब
खायें इसे बच्चे नर नारी
पास न आये कोई बीमारी
विटामिन आयरन सब भरपूर
खाना इसको तुम भी ज़रूर

– अनुष्का सूरी 

Lal lal taza taza 
Meetha meetha seb
Khayein ise bache nar nari 
Pas na aye koi bimari 
Vizamin Iron se bhar poor
Khana isko tum bhi zaroor 

 

-Anushka suri
Advertisements

Hindi Poem on Vegetable Okra – हरी हरी भिन्डी


okra

मैं हूँ हरी हरी
बीजों से कुछ कुछ भरी भरी
मैं हूँ गोल तिकोनो में सजी धजी
छोटी छोटी पतली पतली
लगाती हूँ सफ़ेद बिंदी
खाओ मेरी सब्जी बनाके
करो चित्रकारी
या मुझे रंग लगा के
पालन पोषण मैं हूँ करती
मैं हूँ ओकरा मैं नहीं डरती
लेना हो जो मेरा नाम हिंदी
तो कह दो चाहिए तुमको भिन्डी

-अनुष्का सूरी

Hindi Poem on Mango-आम फलों का राजा


mango

 

 

 

 

 

 

कहते हैं इसको फलों का राजा
इस से बनता है स्लाइस और माज़ा
खाओ इसको ठंडा ठंडा
यही है असली मिठास का फंडा
इसका चाहे शेक बना लो
चाहे आइसक्रीम बना के खालो
चाहो तो गुठली को मिटटी में डालो
और इसका पेड़ लगा लो
कच्चा हो तो आचार बना लो
पका हो तो जूस बना लो
बूझो बूझो कौन है ये?
हाँ है ये वही रसीला आम
-अनुष्का सूरी

Hindi Poem on Roti – रोटी


हूँ सबकी चाहत Roti

हूँ सबकी ज़रूरत

सबका पेट भरती हूँ

हाँ मैं रोटी हूँ

गोल गोल है मेरा आकर

सब्जी के साथ बनाऊँ पौष्टिक आहार

चाहे हो बच्चा, बूढ़ा या हो जवान

रोटी खाकर ही आती हा तन में जान

Hindi Poem On Potato- मैं आलू हूँ


दिखने में भूरा हूँ Potato
शकल से भालू हूँ
हाँ मैं आलू हूँ
मुझे समोसे में है भरते
कभी कट्लेट बना के तलते
कभी मैं हूँ बैंगन का साथी
कभी मटर का साथ निभाता
कोई मुझे उबाल के खुश है
कोई है तलकर फ्रेंच फ्राइस बनाता
मेरे साथ पूरी कचौड़ी खाओ
मेरे परांठे लस्सी के साथ चबाओ
सब सब्जियों के साथ निभालूँ
हाँ मैं हूँ वही आलू