Hindi Poem on Motivation-Manzil

मंज़िल जो बढ़ा है ,अपना कदम आगे। वो रुके ना किसी डर से पीछे।। हमें हिम्मत से बढ़ना होगा। नया आयाम फिर से घड़ना होगा। ये मुश्किल कुछ पल की हट जायेगी। हमे यकीं है, मंज़िल ज़रूर नज़र आएगी।। -संजय

%d bloggers like this: